Hanumangarh - शव यात्रा निकाल सीएम-परिवहन मंत्री के पुतले फूूंके, सरकार के खिलाफ प्रदर्शन
हनुमानगढ़ आगार में संयुक्त मोर्चा के बैनर तले रोडवेज कर्मचारियों की हड़ताल 18वें दिन भी जारी रही। गुरुवार को कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे और परिवहन मंत्री यूनुस खान का पुतला दहन किया। कर्मचारियों ने हनुमानगढ़ डिपो से मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे और परिवहन मंत्री यूनुस खान के पुतलों को खच्चर गाड़ी में लटका कर बाजार में घुमाते हुए भगत सिंह चौक से हनुमानगढ़ जंक्शन बस स्टैंड पर लाकर पुतलों का पूरे रोष के साथ दहन किया। इसके बाद सरकार विरोधी नारे लगाए गए। हड़ताल के संयोजक महावीर जोशी ने बताया कर्मचारियों में राज्य सरकार के खिलाफ भारी रोष है। यह सरकार बहरी-अंधी हो चुकी है, जो कर्मचारियों की जायज मांगों की तरफ ध्यान नहीं दे रही है। कर्मचारी नेता पृथ्वी मेहला और दुलीचंद ने बताया कि हड़ताल के 18 दिन बीत चुके हैं फिर भी राज्य सरकार के कान पर जूं तक नहीं रेंगी। यह सरकार बिल्कुल भी कर्मचारियों की तरफ ध्यान नहीं दे रही है। यह सरकार अपनी हठधर्मिता के चलते कर्मचारियों की जायज मांगों पर ध्यान नहीं दे रही। सतवीर गोस्वामी ने बताया कि सभी कर्मचारी एकजुटता से इस राज्य सरकार के खिलाफ विरोध में खड़े हैं। हर कर्मचारी अपनी जायज मांगों को लेकर संघर्षरत है। सीटू यूनियन सचिव विक्रांत सहारण ने बताया की यह सरकार बिल्कुल हठधर्मिता पर आ चुकी है और कर्मचारियों की तरफ बिल्कुल भी ध्यान नहीं दे रही है। कर्मचारियों के सामने रोजगार का संकट खड़ा कर दिया है। कर्मचारी आज रोजगार होते हुए भी बेरोजगार हो गया है। कर्मचारियों ने कहा कि जब तक उनकी जायज मांगों को नहीं माना जाएगा। यह हड़ताल जारी रहेगी। पुतला दहन कार्यक्रम में एसएफआई नेता महेंद्र शर्मा, विशेष योग्यजन समिति अध्यक्ष कान्हाराम जिनागल, सहीराम यादव, देवीलाल स्वामी, नरेंद्र यादव, रणजीत सिंह, तरसेम बंसल, दरवेश गोयल, अमर सिंह, अमरचंद सारण, जसवंत सिंह, मक्खन सिंह, राजेंद्र सिंह, राजवीर सहित अनेक कर्मचारियों ने हिस्सा लिया।

इधर...राजस्थान रोडवेज संविदा चालक संघ ने उठाई अपनी मांगें, कहा- स्थाई कर्मियों की हड़ताल के चलते उन्हें भी होना पड़ता है शामिल

टाउन में राजस्थान रोडवेज संविदा चालक संघ की जिला स्तरीय बैठक गुरुवार को अध्यक्ष महिमा सिंह सिद्धू की अध्यक्षता में गुरुद्वारा सुखा सिंह महताब सिंह हनुमानगढ़ टाउन में हुई। बैठक में संविदा चालकों ने बताया की रोडवेज डिपो कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर हड़ताल करते हैं तो संविदा चालकों को उनके कारण हड़ताल में मजबूरन शामिल होना पड़ता है, क्योंकि राज्य पथ परिवहन के नियमित कर्मचारी कार्य बहिष्कार करते हैं तो संविदा वाले बेवजह शामिल होते हैं। परंतु कहीं भी संविदा चालकों को नियमित करने के लिए कोई मांग नहीं रखी जाती। उन्होंने बताया यूनियन की 10 सूत्री मांगे हैं, जिसे सरकार के सामने उठाया जाएगा। इस मौके पर उपाध्यक्ष हरभजन सिंह पुनी, महासचिव राजेंद्र कुमार जाट, आबूरोड डिपो से किशोर कुमार, जालोर डिपो से भंवरलाल, हनुमानगढ़ डिपो से भजन लाल, श्रीगंगानगर डिपो से महिमा सिंह आदि मौजूद थे।