Anoopgarh - जिला बनाने की मांग; 2447 दिन से धरना, 500 किमी पदयात्रा की, 1252 यूनिट रक्तदान पर हिंसा कभी नहीं
श्रीगंगानगर से 125 किमी दूर स्थित अनूपगढ़ कस्बे को जिला बनाने की मांग के लिए लगाया धरना 2427 दिन से चल रहा है। खास बात ये है कि ये धरना पूरी तरह से गांधीवादी तरीके से जारी है। इसके लिए अनूपगढ़ जिला बनाओ संघर्ष समिति गठित है जिसका धरना एसडीएम कार्यालय के सामने चल रहा है। यह धरना अनूपगढ़ के गांधी कहे जाने वाले वरिष्ठ अधिवक्ता सुरेश बिश्नोई के नेतृत्व में संचालित है। आज तक इस आंदोलन में इस समिति ने किसी भी प्रकार की कानून व्यवस्था बिगाड़ने वाला कार्य नहीं किया। अपनी मांग पर लोगों ने ना कभी रेल रोकी, ना ही कभी जरूरी सेवाएं बंद कराईं। यही नहीं, कभी शिक्षण संस्थाओं को भी बंद नहीं करवाया। अपने आंदोलन के तहत इन लोगों ने 1252 यूनिट से अधिक रक्तदान किया है। पांच बार पांच मंडियों के लोग सामूहिक उपवास रख चुके। एक बार पांच सौ किलोमीटर की पैदल यात्रा अनूपगढ़ से जयपुर तक की जिसमें 12 विकलांग भी शामिल थे। अपनी मांग पर 35 लोग राष्ट्रपति से इच्छा मृत्यु मांग चुके हैं लेकिन कभी कानून को अपने हाथ में नहीं लिया। इस आंदोलन में अनूपगढ़ के साथ ही रामसिंहपुर, घड़साना, रावला, 365 हैड सहित आसपास के सैकड़ों गांव-चकों के 10 लाख से अधिक लोग शामिल हैं। 148 सरपंचों ने अपनी इस मांग को समर्थन देते हुए सरकार को पत्र भी लिखे थे। 

अनूपगढ़ जिला बनाओ संघर्ष समिति अध्यक्ष सुरेश बिश्नोई ने बताया कि अनूपगढ़ जिला मुख्यालय से 125 किलोमीटर से अधिक दूर है। इसको जिला बनाने से अनूपगढ़, घड़साना, श्रीविजयनगर, रावला, रामसिंहपुर व 365 हैड सहित अन्य कई क्षेत्र को लोगों को लाभ होगा। अनूपगढ़ को जिला बनाने से 10 लाख की आबादी को 80 किलोमीटर के अंदर जिला मुख्यालय मिल जाएगा। कहा, अनूपगढ़ भौगोलिक, सामाजिक, राजनैतिक व प्रशासनिक दृष्टि से जिला बनाने के सभी मापदंड पूरे करता है। यह बता दें, कि अनूपगढ़ के अलावा सूरतगढ़ को भी जिला बनाने की मांग उठ रही है। श्रीविजयनगर को भी जिला बनाने की मांग मुखरित है। हालांकि सूरतगढ़ में तो इसके लिए धरना भी चल रहा है। दोनों ही कस्बों के लोग अपने-अपने कस्बे को जिला बनने के लायक बता रहे हैं और दोनों के अपने तर्क हैं। अनूपगढ़ में इस मांग के लिए आंदोलन ज्यादा मुखरित है क्योंकि वहां इस मांग को लेकर संघर्ष समिति ने करीब पौने सात साल से धरना लगा रखा है।